प्रतीक्षा
मार्च, 2025 आज नमिता अपने आप को ठगी हुई महसूस कर रही थी। जो जीवन के अंतिम पड़ाव में उसे
बबीता झा मार्च, 2025 सदियों पुरानी बात है। एक बालक विद्या अध्ययन के लिए गुरुकुल गया। किंतु उसकी स्मरण शक्ति
बबीता झा मार्च, 2025 दुनिया के सबसे अधिक प्रतिभाशाली गणितज्ञों में गिने जाने वाले श्रीनिवास रामानुजन को ‘द मैन हू
श्रीनिवास रामानुजन: एक महान गणितज्ञ (प्रेरक व्यक्तित्व) Read Post »
दिसंबर, 2024 आप के शहर से…… न्यूज चैनल….अगर …..आप में से कोई इस व्यक्ति को पहचानता है। तो कृपया हमें
दिसंबर, 2024 “इतने दिनों से मैं तुम्हें समझा रही थी; बात समझ नहीं आ रही थी? मेरे तन को खोखला
दिसंबर, 2024 माँ मुझे बहुत अच्छा लग रहा है। वाह! मैदान भी हरा–भरा है। चीनू उछलते हुए अपनी माँ से
दिसंबर, 2024 (संक्षिप्त परिचय- छह पुस्तकें, तीन काव्य संग्रह एवं तीन लघुकथा संग्रह प्रकाशित। देश-विदेश की अनेक सुप्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं में
दिसंबर, 2024 “ख्वाबों, बागों और नवाबों के शहर लखनऊ में आपका स्वागत है” यही वो इश्तहार है जो उन लोगों
सितंबर, 2024 पुरानी एक कहावत है कि, ‘चल गई सो चल गई’ बापू बताया करते थे कि, “एक भिखारी बहुत
सितंबर, 2024 एक साहित्यकार पिता ने अपनी पुत्री से कहा- “बिटिया सुनो तो।” “हाँ, पापा क्या हुआ?” एक छोटी सी
सितंबर, 2024 पात्र परिचय: 1. बूढी महिला (उम्र 80वर्ष) 2. शिवानी (उम्र 55 वर्ष) 3. सुंदरी (उम्र 25 वर्ष) 4.
बबीता झा सितंबर, 2024 एक समय की बात है, एक समुद्री जहाज़ भयंकर तूफ़ान में फँस गया। कप्तान के अनगिनत
सितंबर, 2024बबीता झा लगभग 500 सदस्यों की एक विशेष जूरी ने एक ऐतिहासिक मुकदमे पर विचार किया और अभियुक्त को
सुकरात: जिन्होने मृत्यु का भी हर्ष से स्वागत किया। (प्रेरक व्यक्तित्व) Read Post »
बबीता झा सितंबर, 2024 “याचना नहीं, अब रण होगा, जीवन-जय या कि मरण होगा। जंजीर बढ़ा कर साध मुझे, हाँ,
सितंबर, 2024 शहर की झोपड़पट्टी माने वाले इलाके का नाम इंद्र पुरी था। अपने नाम के उलट मुर्गी के दड़बों
सितंबर, 2024 भूषण खाना खाकर उठा। सोफे पर बैठकर मोजे को पहनने लगा। सुखिया समझ गयी कि आज उसे ड्यूटी
मार्च, 2024 क्यों चर्चा में है ‘पॉपकॉर्न माइंड’? मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में आजकल एक शब्द अत्यंत चर्चा में है—‘पॉपकॉर्न
मार्च, 2024 “एक ही घर में अब एक साथ रहना बहुत मुश्किल है बाबूजी। मुझे अपना हक चाहिए।” बड़े बेटे
मार्च, 2024 पापा बहुत ख़ुश थे कि उनका बेटा विदेश में अच्छी तरह से सैटल हो गया था। बेटे ने
मार्च, 2024 उस आदमी ने पूछा, “तुम गलियों में क्यों फिर रही हो?” गाय बोली, “मैं अपने चारे की तलाश
मार्च, 2024 डॉ. भूपेन्द्र ‘अलिप’ “तोड़ती पत्थर’ के रचनाकार कौन हैं?” शिक्षक ने ग्यारहवीं वर्ग में पढ़ने वाली उन सारी
मार्च, 2024 नजर बचाकर निकलना ही चाहता था कि बड़े मियां आकर सामने खड़े हो गये। मैंने झुककर अदब से
मार्च, 2024 एक ऐसी महिला, जिनके बचपन में ही पिता का साया उठ गया, कम आयु में विवाह कर दिया
दुर्गाबाई देशमुख: संघर्ष, संकल्प और समाज सुधार की अमर गाथा (प्रेरक व्यक्तित्व) Read Post »
मार्च, 2024बबीता झा दुनिया में अनेक बड़े-बड़े वैज्ञानिक प्रयोग और आविष्कार हुए हैं तथा वर्तमान में भी कई विशाल वैज्ञानिक
विगनेला गाँव की प्रेरक गाथा: जब ग्रामीणों ने बनाया अपना ‘कृत्रिम सूर्य’ (प्रेरक कहानी) Read Post »
दिसंबर, 2023 बबीता झा बात बहुत पुरानी है। एक गाँव में एक किसान रहता था। वह अत्यंत ईर्ष्यालु और क्रोधी स्वभाव
दिसंबर, 2023 बबीता झा एक कमरे में चार दिये जल रहे थे। उस समय परिवार का कोई भी सदस्य कमरे में
दिसंबर, 2023 पीपल के पेड़ के नीचे बैठे उस वृद्ध भिक्षुक में न जाने ऐसा क्या था कि मां हर
दिसंबर, 2023 विभा और वैभव के विवाह को मुश्किल से पाँच वर्ष ही हुए थे कि दोनों के मध्य वैचारिक
दिसंबर, 2023 सत्तो जिज्जी और पत्तो जिज्जी आजकल नामी लेखिका बनी बैठी हैं। पत्तो जिज्जी तो ज्यादातर घर-गृहस्थी में व्यस्त
दिसंबर, 2023 राजनीति के रंग भी बहुत इन्द्रधनुषी हैं। मगर कभी घटाटोप अंधेरे में राग एकलवन्ती भी। यों लम्बी पारियों
दिसंबर, 2023 धनतेरस का दिन था। ऐसा लग रहा था मानो, कार्तिक मास की काली रातों ने सच में रंजन
दिसंबर, 2023 “अपनी नाक कटवाने के बावजूद तुम्हें बात समझ नहीं आई। तुमने औरत होकर औरत का वजूद नहीं समझा।
सितंबर, 2023 हम भी हिन्दी तुम भी हिन्दी, हिन्दी अपनी पहचान है हिन्दी भाषा हिन्दी अभिलाषा हिन्दी से हिन्दुस्तान है।
सितंबर, 2023 ये बहुत देर से जाना कि प्रेम में लौटना सिर्फ लौटना नहीं होता है बल्कि कहीं न कहीं,